धार्मिक स्थल पर कब्जे का आरोप: सती माता स्थल और प्राचीन कुआं विवाद में प्रशासन सख्त

धार्मिक स्थल पर कब्जे का आरोप: सती माता स्थल और प्राचीन कुआं विवाद में प्रशासन सख्त












लखीमपुर खीरी,जिले की  के अंतर्गत ग्राम जमुका में धार्मिक आस्था से जुड़े स्थल पर अवैध कब्जे का मामला सामने आया है। शिकायत सीधे मुख्यमंत्री तक पहुंचने के बाद प्रशासन सक्रिय हो गया है और जांच प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।पैतृक भूमि से जुड़ा है विवादग्राम निवासी देवेश कुमार मिश्रा ने आरोप लगाया है कि उनके पूर्वजों की जमीन का एक हिस्सा, जो सती माता स्थल और एक प्राचीन पूजित कुएं के रूप में दर्ज है, उस पर गांव के कुछ प्रभावशाली लोगों ने कब्जा कर लिया है।उन्होंने बताया कि यह भूमि उनके ननिहाल पक्ष से जुड़ी हुई है और वर्षों से धार्मिक उपयोग में रही है।शिकायत के मुताबिक, मंदिर और कुएं तक जाने वाले रास्ते को भी कथित रूप से बंद कर दिया गया है। रास्ते पर दीवार खड़ी कर दी गई है, जिससे श्रद्धालुओं को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा हैगिरे पेड़ से सुरक्षा की योजनादेवेश मिश्रा ने बताया कि परिसर में मौजूद एक पुराना नीम का पेड़ हाल ही में आंधी के कारण गिर गया। उन्होंने प्रस्ताव रखा है कि पेड़ की बिक्री से प्राप्त धनराशि से स्थल के चारों ओर बाउंड्रीवॉल बनाई जाए, जिससे भविष्य में अतिक्रमण रोका जा सके राजस्व टीम को सौंपी गई जिम्मेदारीउपजिलाधिकारी मोहम्मदी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए राजस्व विभाग को जांच सौंपी है राजस्व टीम को मौके पर भेजकर पैमाइश कराई जाएगी। रिपोर्ट के आधार पर अवैध कब्जा हटाने की कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। साथ ही गिरे हुए पेड़ के निस्तारण की प्रक्रिया भी नियमों के तहत पूरी की जाएगी।”न्याय की उम्मीद में ग्रामीणप्रशासनिक हस्तक्षेप के बाद अब स्थानीय लोगों और पीड़ित परिवार को उम्मीद है कि जल्द ही धार्मिक स्थल को अतिक्रमण से मुक्त कराया जाएगा और आम लोगों के लिए रास्ता फिर से खुल जाएगा।