फरीदाबाद 25 दिसंबर। गांव बडोली और प्रहलादपुर में हरियाणा शहरी विकास
फरीदाबाद 25 दिसंबर। गांव बडोली और प्रहलादपुर में हरियाणा शहरी विकासl
प्राधिकरण द्वारा प्रस्तावित तोड़फोड़ के विरोध में बीते 21 दिनों से चल रहा गाँव। बचाओ संघर्ष समिति का धरना आखिरकार समाप्त हो गया। यह निर्णय राज्य मंत्री राजेश नागर और कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल द्वारा दिए गए ठोस और स्पष्ट आश्वासनों के बाद लिया गया।मंत्रियों के आवास पर पहुंचा ग्रामीण प्रतिनिधिमंडल धरने में शामिल ग्रामीणों का प्रतिनिधिमंडल आज राज्य मंत्री राजेश नागर के निवास स्थान पर पहुंचा। यहां गांव के लोगों और मंत्रियों के बीच विस्तार से बातचीत हुई। बैठक में ग्रामीणों की आशंकाओं, मांगों और भविष्य की स्थिति को लेकर खुलकर चर्चा की गई, जिससे माहौल में विश्वास का वातावरण बना।2009 का अधिग्रहण और अधूरी मुआवजा प्रक्रिया,राज्य मंत्री राजेश नागर ने बातचीत के दौरान स्पष्ट किया कि वर्ष 2009 में कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में गांव बडोली और प्रहलादपुर की कुछ जमीनों का अधिग्रहण किया गया था। इस अधिग्रहण को लेकर न्यायालय में मामला भी चला। उन्होंने बताया कि जिन जमीन मालिकों और प्लॉट धारकों का मुआवजा अब तक बकाया है, उन्हें वह राशि जल्द दी जाएगी। इस विषय पर उच्च अधिकारियों से चर्चा हो चुकी है और स्थायी समाधान की दिशा में कार्य किया जा रहा है।गांव को गोद लेने से लेकर विकास तक का दावा,राज्य मंत्री राजेश नागर ने कहा कि विधायक बनने के बाद उन्होंने सबसे पहले गांव बडोली को गोद लिया था। तब से लगातार गांव में विकास कार्य कराए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुना गया है और उनका समाधान सरकार की प्राथमिकता है। चूंकि गांव नगर निगम क्षेत्र में आता है, इसलिए इस विषय में कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल से भी समन्वय किया गया फोन पर मिला कैबिनेट मंत्री का आश्वासन,कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल ने फोन के माध्यम से ग्रामीणों को आश्वस्त करते हुए कहा कि गांव को किसी भी परिस्थिति में नहीं तोड़ा जाएगा। जिन लोगों का पैसा बकाया है, उन्हें ब्याज सहित पूरी राशि लौटाई जाएगी। उन्होंने बताया कि इस संबंध में मुख्यमंत्री और उच्च अधिकारियों से बातचीत हो चुकी हैराजनीतिक बहकावे का भी जिक्र,कैबिनेट मंत्री ने यह भी कहा कि कुछ लोग राजनीतिक बहकावे में आकर धरने पर बैठे थे, लेकिन गांव के समझदार लोगों ने स्थिति को समझा और समाधान का रास्ता चुना। संवाद और विश्वास से ही समस्या का हल संभव है,ग्रामीणों ने जताया भरोसा, धरना समाप्त,ग्रामीणों ने कहा कि दोनों मंत्रियों द्वारा दिए गए भरोसेमंद और लिखित आश्वासनों के बाद उन्होंने धरना समाप्त करने का फैसला लिया है। गांव बचाओ संघर्ष समिति ने आपसी विचार-विमर्श के बाद आंदोलन को पूरी तरह समाप्त कर दिया बड़ी संख्या में गणमान्य लोग रहे मौजूद इस अवसर पर रणवीर चंदीला, संतराज चंदीला, मदन अध्यक्ष, अदल चंदीला, सतवीर चंदीला, महेंद्र मेंबर, मास्टर कैलाश चंदीला, मस्तु चंदीला, चंद्र चंदीला, दीपक चंदीला, रंजीत चंदीला, वेद चंदीला सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
